महाराष्ट्र में अजित पवार के निधन के बाद सियासी हलचल तेज हो गई है। इस बीच बीजेपी के राज्यसभा सांसद धनंजय महादिक के एक बयान ने राजनीतिक गलियारों में नई चर्चा छेड़ दी है। उन्होंने कहा है कि अगर सुनेत्रा पवार को डिप्टी सीएम का पद दिया जाता है, तो वह इस जिम्मेदारी को प्रभावी तरीके से निभा सकती हैं। उनके इस बयान को महाराष्ट्र की बदलती सियासी तस्वीर से जोड़कर देखा जा रहा है।

धनंजय महादिक ने कहा कि मौजूदा हालात में एनसीपी के दोनों गुटों को एक साथ आना चाहिए। उनके मुताबिक, दोनों गुटों के पास मजबूत संगठनात्मक ताकत है और अगर वे एकजुट होते हैं तो यह पार्टी और सरकार, दोनों के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि सुनेत्रा पवार के पास राज्यसभा सांसद के तौर पर काम करने का अनुभव है, जिसका लाभ प्रशासनिक स्तर पर भी मिल सकता है।
बीजेपी सांसद ने आगे कहा कि अगर सुनेत्रा पवार को डिप्टी सीएम की जिम्मेदारी सौंपी जाती है, तो वह सरकार में सक्रिय और प्रभावी भूमिका निभा सकती हैं। उन्होंने संकेत दिया कि मौजूदा राजनीतिक हालात में यह एक व्यावहारिक विकल्प हो सकता है। उनके इस बयान के बाद राजनीतिक हलकों में यह चर्चा तेज हो गई है कि क्या सुनेत्रा पवार को महाराष्ट्र की अगली डिप्टी सीएम बनाया जा सकता है।
इस बीच शुक्रवार को महाराष्ट्र की राजनीति में और भी हलचल देखने को मिली, जब एनसीपी के वरिष्ठ नेताओं ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात की। इस बैठक में छगन भुजबल, प्रफुल्ल पटेल, सुनील तटकरे और धनंजय मुंडे समेत कई बड़े नेता शामिल रहे। करीब डेढ़ घंटे चली इस बैठक को सत्ता समीकरणों से जोड़कर देखा जा रहा है।
गौरतलब है कि सुनेत्रा पवार ने 2024 का लोकसभा चुनाव बारामती सीट से लड़ा था, जहां उन्हें सुप्रिया सुले के हाथों हार का सामना करना पड़ा था। इसके बाद उन्हें राज्यसभा भेजा गया था और वह वर्तमान में संसद के उच्च सदन की सदस्य हैं। अब डिप्टी सीएम पद को लेकर उनके नाम की चर्चा से यह साफ है कि आने वाले दिनों में महाराष्ट्र की राजनीति में बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि एनसीपी के दोनों गुटों के संभावित विलय और नेतृत्व को लेकर चल रही बातचीत के बीच यह बयान काफी अहम माना जा रहा है। आने वाले दिनों में यह तय होगा कि सुनेत्रा पवार को सरकार में कोई बड़ी जिम्मेदारी मिलती है या नहीं।



