मुख्यमंत्री ने कहा कि यह क्षेत्रीय दक्षता विकास केंद्र ऐसा प्रकल्प है। यह कौशल प्रयोगशाला में पनपता है और उद्योग तक जाता है। उन्होंने कहा कि सर छोटू राम का कृषि विजन व आधुनिक तकनीक का संगम प्रदेश के लिए प्रेरणा बनेगा।

दीनबंधु छोटू राम विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय मुरथल में वीरवार को मुख्यमंत्री ने क्षेत्रीय दक्षता विकास केंद्र का शिलान्यास के जरिए युवाओं के कौशल व उज्जवल भविष्य की रखी। यहां उत्कृष्ट शोध व पेटेंट कार्यों के लिए शिक्षकों व शोधार्थियों को सम्मानित किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह क्षेत्रीय दक्षता विकास केंद्र ऐसा प्रकल्प है। यह कौशल प्रयोगशाला में पनपता है और उद्योग तक जाता है। उन्होंने कहा कि सर छोटू राम का कृषि विजन व आधुनिक तकनीक का संगम प्रदेश के लिए प्रेरणा बनेगा। हमारा प्रयास है कि यह परिसर प्रशिक्षण, परीक्षण, निदान, नवाचार और उद्योग अनुकूल कौशल का जीवंत मंच बने।
उन्होंने कहा कि वोल्वो-आयशर लेबोरेट्री ने हमारे शिक्षकों व विद्यार्थियों को आधुनिक कमर्शियल व्हीकल टेक्नोलॉजी से जोड़ने का काम शुरू कर दिया है। केंद्र की सफलता इसके प्रशिक्षित युवाओं, पेटेंट, स्टार्टअप, सुरक्षित वाहनों व बेहतर सेवाओं से तय होगी। विश्वविद्यालय ने इंजीनियरिंग संकाय में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 को पूरी तरह लागू करने में अग्रणी भूमिका निभाई है। यहां विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी निदेशालय के सहयोग से रिन्यूएबल एनर्जी टेस्ट सेंटर स्थापित किया गया है।
सीएम सैनी ने कहा कि भारत सरकार के नवीन एवं नवीनीकरण ऊर्जा मंत्रालय ने इसे रीजनल टेस्टिंग सेंटर के रूप में मान्यता दी है। युवाओं को तराशने के लिए हरियाणा कौशल विकास मिशन का गठन किया गया है। हमने 1 लाख 56 हजार युवाओं को उद्योगों की जरूरत के अनुरूप तैयार करने के लिए कौशल प्रशिक्षण दिया। राज्य के 60 आईटीआई संस्थानों को लगभग 3000 करोड़ रुपये से उन्नत किया जा रहा है।
